जब पूजा पंडालों की भव्यता आस्था से बड़ी होने लगे, तो हमें ठहरकर सोचने की जरूरत है। पूजा का सार दिखावे में नहीं, बल्कि सच्ची श्रद्धा, सामाजिक सेवा, पारदर्शिता और दूसरों की शांति का सम्मान करने में है। जानिए पूरी बात पूरा लेख पढ़ें avknewsservices.com/2026/09/23/w... #पूजा #आस्था #नवरात्रि #गणेशउत्सव #धर्म #समाजसेवा #भारतीयसंस्कृति #जनजागरूकता #AVKNews
